ज़िन्दगी में तमाम तरह के खर्च ऐसे होते हैं जो बेहद ज़रूरी होते हैं, जैसे कि बच्चों की पढ़ाई, उनकी शादी, घर बनाने का सपना और इसके आपको बड़ी रकम की ज़रुरत होती है. ऐसे में अगर आप मध्यमवर्ग से हैं तो आपके लिए सुरक्षित निवेश का सबसे अच्छा जरिया म्यूच्यूअल फण्ड है जिसमें निवेश करके आप अपने गोल को आसानी से अचीव कर सकते हैं. बच्चों का फ्यूचर बनाने के वास्ते म्यूचुअल फण्ड में निवेश के बड़े फायदे हैं, सबसे बड़ा फायदा यह है कि आपके पास निवेश के लिए लम्बी अवधि मिलती है और समय ज्यादा मिलने के कारण कंपाउडिंग का लाभ भी आपको भरपूर मिल पाता है, आपके पास अपने पोर्टफोलियो में विविधता लाने का भी समय मिलता है।
बच्चों के नाम पर म्यूचुअल फंड में निवेश आसानी से ऑफलाइन और ऑनलाइन तरीके से किया जा सकता है। खाता खोलते समय आपको बच्चों का जन्म प्रमाणपत्र, माता-पिता या पैरेंट्स होने का फ्रूफ और ऐड्रेस प्रूफ की आवश्यकता होती है। इसके बाद बच्चे और अभिभावक की KYC होने के बाद आसानी से खाता खुल जाता है. इसके बाद आपको उस म्यूचुअल फंड स्कीम का चयन करना होता है जिसमें आप निवेश करना चाहते हैं। म्यूच्यूअल फण्ड के चयन के समय आपको हमेशा अपनी रिस्क प्रोफाइल, टाइम पीरियड और किस तरह का फण्ड है इसपर ध्यान देना ज़रूरी होता है। इसके बाद अब आप अपने बजट के हिसाब से पूँजी निवेश कर सकते हैं।
निवेशित बच्चे की आयु जब 18 वर्ष की हो जाएगी तब म्यूचुअल फंड की बिक्री से जो कैपिटल गेन होगा वो माता-पिता या अभिभावक की आय में जोड़ा जाएगा और जैसे ही बच्चा 18 वर्ष की आयु पूरी कर लेता है तो म्यूचुअल फंड से होने वाली इनकम पर उसे टैक्स देना होगा, ऐसा इनकम टैक्स की धारा 64 के मुताबिक होता है. यहाँ ये बताना ज़रूरी है कि अगर आप बच्चों के नाम पर इन्वेस्ट कर रहे हैं तो जब आप म्यूचुअल फंड की बिक्री करेंगे तब पैसा केवल बच्चे के ही बैंक अकाउंट में क्रेडिट होगा, इसलिए बच्चों के लिए निवेश करते समय चाइल्ड बैंक अकाउंट का होना बहुत जरूरी है।
