मुंबई: एचडीएफसी बैंक के प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यकारी आदित्य पुरी ने शनिवार को कहा कि ऑटो ऋण कारोबार के कुछ कर्मचारी ‘‘व्यक्तिगत कदाचार’’ में शामिल पाए गए हैं, जिसके चलते उनके खिलाफ ‘‘अनुशासनात्मक कार्रवाई’’ की गई है।
पूरी ने शेयरधारकों को एक संबोधन में यह टिप्पणी की। इससे पहले खबर आई थी कि ऑटो ऋण कारोबार के प्रमुख किन परिस्थितियों के चलते मार्च में सेवानिवृत्त हुए और बैंक द्वारा कथित रूप से हितों के टकराव को लेकर जांच शुरू की गई है। बैंक की आम बैठक को संबोधित करते हुए पुरी ने व्हिसलब्लोअर की शिकायत के बाद जांच में हितों के टकराव की बात पाए जाने से इनकार किया है।
पुरी ने कहा, ‘‘पूछताछ में व्यक्तियों के एक समूह द्वारा व्यक्तिगत कदाचार से संबंधित एक पहलू सामने आया है, जिसके लिए उचित अनुशासनात्मक कार्रवाई की गई है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘(अशोक) खन्ना उक्त व्यवसाय खंड के प्रमुख थे, उन्होंने भी जांच प्रक्रिया में भाग लिया।’’ पुरी ने कहा कि कुछ कर्मचारियों के कदाचार और ऑटो ऋण पोर्टफोलियो की स्थिति या किसी भी नुकसान के बीच कोई आपसी संबंध नहीं पाया गया।

