सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में उस समय कोहराम मच गया ग्रीन जोन में खुलने वाले शेयर बाजार को यह खबर मिली कि भारत में चीन के खतरनाक HMPV वायरस के दो केस मिले हैं, इसके बाद बाजार रेड जोन में पहुँच गया और फिर डूबता ही चला गया. सेंसेक्स पर कारोबार का अंत 1258 अंकों की गिरावट के साथ हुआ, हालाँकि एक समय उसमें 1500 अंकों तक गिरावट आ गयी थी, वहीँ निफ़्टी में कारोबार का अंत 388 अंकों की गिरावट के साथ हुआ.
आपको बता दें कि आज भारत में चीनी वायरस एचएमपीवी के 3 मामलों की पुष्टि होने के बाद गिरावट ने भयानक रूप ले लिया। हालांकि चीनी वायरस के अलावा और भी कई कारण हैं, जिन्होंने इस गिरावट को और तेज कर दिया। शेयर बाजार में आज की महाविनाश की पहली और सबसे बड़ी वजह चीनी वायरस एचएमपीवी है। सोमवार को भारत में भी इस वायरस के 3 मामलों की पुष्टि हुई है। पहले दो मामले कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु से आए थे, जबकि तीसरा मामला गुजरात के अहमदाबाद से आया है। तीनों ही मामलों में बच्चे संक्रमित पाए गए हैं। बेंगलुरु में 3 महीने के बच्चे में वायरस पाया गया, जिसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। जबकि, 8 महीने के बच्चे का इलाज चल रहा है। अहमदाबाद में संक्रमित पाया गया बच्चा भी खतरे से बाहर है।
एफआईआई द्वारा की गई भारी बिकवाली भी इस बड़ी तबाही का एक बड़ा कारण है। विदेशी संस्थागत निवेशक लगातार भारतीय शेयरों को बेचकर पैसा निकाल रहे हैं। ये निवेशक बड़ी मात्रा में शेयर बेचते हैं, जिसका सीधा और बड़ा असर पड़ रहा है। भारत में एचएमपीवी के प्रवेश की पुष्टि होते ही विदेशी निवेशकों में घबराहट देखी जा रही है। इनके अलावा कच्चे तेल की कीमतों में हालिया उछाल, रुपये में लगातार गिरावट और वैश्विक बाजार में बिकवाली ने भी इस गिरावट को और तेज कर दिया है।

