नई दिल्ली: जीएसटी काउंसिल सोमवार को बैठक में तीसरी बार क्षतिपूर्ति (compensation) के मुद्दे पर चर्चा करेगी। इस बैठक में क्षतिपूर्ति को लेकर आम सहमति बनाने के लिए एक मंत्रिस्तरीय समिति गठित करने के गैर-बीजेपी शासित राज्यों के सुझाव पर गौर किया जा सकता है। सूत्रों ने इसकी जानकारी दी। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में राज्यों के वित्त मंत्रियों वाली परिषद लगातार तीसरी बार जीएसटी राजस्व (GST Revenue) में कमी की क्षतिपूर्ति को लेकर चर्चा करने वाली है।
विपक्षी पार्टियों द्वारा शासित कुछ राज्य यह सुझाव दे रहे हैं कि इस मामले में आम सहमति बनाने के लिए मंत्रिस्तरीय समिति (Ministerial committee) का गठन किया जाना चाहिए। हालांकि बीजेपी शासित कर्ज लेने के दिए गए विकल्प पर बीजेपी शासित राज्य पहले ही केंद्र से सहमत हो चुके हैं और इनका मानना है कि उन्हें अब कर्ज लेने की दिशा में आगे बढ़ने की मंजूरी दी जानी चाहिए, ताकि उन्हें शीघ्र धन उपलब्ध हो सके।
सूत्रों ने कहा कि जीएसटी परिषद की 43वीं बैठक ( GST Council 43rd meeting) का एकसूत्रीय एजेंडा क्षतिपूर्ति के मुद्दे पर आगे का रास्ता निकालना है। परिषद ने पिछले सप्ताह हुई आखिरी बैठक में यह निर्णय लिया था कि कार, तंबाकू आदि जैसे विलासिता या अहितकर उत्पादों पर जून 2022 के बाद भी उपकर (Cess) लगाया जाएगा। हालांकि उक्त बैठक में क्षतिपूर्ति के मुद्दे पर आम सहमति नहीं बन पाई थी।

