मार्केट रेगुलेटर सेबी ने आठ इकाइयों के बैंक के साथ शेयर और म्यूचुअल फंड होल्डिंग को कुर्क का आदेश दिया है जिससे कुल 1 करोड़ रुपये के बकाया को रिकवर किया जाएगा. ये दिवालिया लोग हैं- जगदीश प्रकाश बांकडा, अजय एय बांकडा, तरुण कुमार ब्रह्मभट्ट, जिगनेश ब्रह्मभट्ट, कृष्णकुमार ब्रह्मभट्ट, प्रार्थना ब्रह्मभट्ट, कुसुम ट्रेडर्स और Ellenbarrie टी को लिमिटेड. इन आठ इकाइयों के खिलाफ रिकवरी की कार्रवाई उस समय शुरू की गई है, जब वे उन पर लगाए गए जुर्माने का भुगतान करने में असफल रही हैं.
सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (सेबी) ने 2017 से 2019 के बीच सिक्योरिटी मार्केट नियमों के प्रावधानों के उल्लंघन को लेकर जुर्माने लगाए थे. बकाया 1 लाख करोड़ रुपये से थोड़ा ज्यादा है और इसमें शुरुआती जुर्माने की राशि, ब्याज और रिकवरी की कीमत शामिल है. ऑक्टूबर 13 से 15 से बीच जारी कुर्क करने के सात नोटिस में सेबी ने बैंक और डिपॉजिटरी से इन आठ डिफॉल्टर के अकाउंट से कोई राशि निकालने की मंजूरी नहीं देने को कहा है. हालांकि, क्रेडिट की अनुमति दी गई है.
इसके आगे कैपिटल मार्केट पर नजर रखने वाली संस्था ने बैंकों को डिफॉल्टर्स के सभी अकाउंट्स को कुर्क करने का निर्देश दिया जिनमें लोकर भी शमिल हैं.
रेगुलेटर ने कहा कि यह भरोसा करने के लिए पर्याप्त कारण हैं कि डिफॉल्टर्स राशि को बैंक अकाउंट में डालकर बच सकते हैं और सिक्योरिटीज को डीमैट अकाउंट में रख सकते हैं. और सर्टिफिकेट के तहत राशि प्राप्त करने में देरी या बाधित हो सकती है.

