भारतीय शेयर बाजार के लिए पिछले डेढ़ महीने काफी बुरे रहे हैं। इस दौरान सेंसेक्स 85,922 अंकों के सर्वकालिक उच्च स्तर से गिरकर 77,578.38 पर आ गया, जबकि निफ्टी 26,166 अंकों के सर्वकालिक उच्च स्तर से गिरकर 23,518.50 पर आ गया। पिछले डेढ़ महीने में शेयर बाजार में ज्यादातर दिन गिरावट देखने को मिली है। इस गिरावट में निवेशकों को 48.5 लाख करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। शेयर बाजार में आई इस गिरावट का असर म्यूचुअल फंड पर भी देखने को मिला है, जिसमें पिछले डेढ़ महीने में 0.82% से 12.42% की गिरावट देखने को मिली है।
ऊर्जा और बिजली क्षेत्र के फंड और पीएसयू फंड ने 8.50 से 8.49 प्रतिशत का नकारात्मक रिटर्न दिया। इसी समय अवधि में इंफ्रास्ट्रक्चर फंड ने 8.29 प्रतिशत का नकारात्मक रिटर्न दिया। मिडकैप फंड और लार्ज एंड मिडकैप फंड ने इसी समय अवधि में 7.73% और 7.14% का निगेटिव रिटर्न दिया। स्मॉल कैप फंड ने 7.07% का निगेटिव रिटर्न दिया, इसके बाद मल्टी कैप फंड ने पिछले एक महीने में 7% का निगेटिव रिटर्न दिया।
शेयर बाजार में गिरावट से अगर किसी फंड को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है तो वो है ऑटो सेक्टर। ऑटो सेक्टर फंड ने पिछले एक महीने में 12.42 फीसदी का निगेटिव रिटर्न दिया। वहीं कंजम्पशन फंड दूसरे नंबर पर रहे और पिछले एक महीने में 9.18 फीसदी का निगेटिव रिटर्न दिया। अगर टेक सेक्टर फंड की बात करें तो इसमें सिर्फ 3.45 फीसदी का निगेटिव रिटर्न देखने को मिला।

