दुनिया की दिग्गज इन्वेस्टमेंट कंपनी KKR अब रिलायंस रिटेल (RRVL) में 5550 करोड़ रुपये निवेश करेगी. इसके बदले कंपनी को रिलायंस रिटेल में 1.28 फीसदी हिस्सेदारी मिलेगी. KKR ने इसके पहले आरआईएल की डिजिटल आर्म जियो प्लेटफॉर्म में भी 11367 करोड़ रुपये का निवेश किया था. इस निवेश के बाद रिलायंस रिटेल वेंचर्स लिमिटेड की इक्विटी वैल्यू 4.21 लाख करोड़ रुपये होगी. बता दें कि RRVL की सहायक कंपनी रिलायंस रिटेल लिमिटेड भारत के सबसे तेजी से बढ़ रहे रिटेल बिजनेस का संचालन करती है.
1976 में स्थापित अमेरिका की इन्वेस्टमेंट कंपनी KKR के पास 30 जून 2020 तक 222 अरब डॉलर यानी 22200 करोड़ डॉलर की संपत्ति है. वहीं, रिलायंस रिटेल के आंकड़ों के मुताबिक देश भर मे फैले उसके 12 हजार से ज्यादा स्टोर्स में सालाना करीब 64 करोड़ खरीददार आते हैं. यह भारत का सबसे बड़ा और सबसे तेजी से विकसित होने वाला रिटेल बिजनेस है.
रिलायंस इंडस्ट्रीज के डिजिटल आर्म जियो प्लेटफॉर्म्स की कुछ हिस्सेदारी बेचने के बाद मुकेश अंबानी अपने रिटेल बिजनेस को मजबूत करने की दिशा में बढ़ रहे हैं. इसके लिए उन्हें मजबूत निवेशकों की तलाश है. माना जा रहा है कि रिलायंस इंडस्ट्रीज अपनी सहयोगी कंपनी रिलायंस रिटेल में करीब 10 फीसदी हिस्सेदारी बेचना चाहती है. सिल्वर लेक के रूप में कंपनी को अपना पहला निवेशक मिला था. अब केकेआर ने इसमें निवेश का एलान किया है. पिछले सप्ताह रिलायंस ने फ्यूचर समूह के खुदरा एवं लॉजिस्टिक्स कारोबार का 24,713 करोड़ रुपये में अधिग्रहण किया था.
इस मौके पर रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन और एमडी मुकेश अंबानी ने कहा कि रिलायंस के रिटेल वेंचर में KKR का एक निवेशक के तौर पर स्वागत करने में खुशी महसूस हो रही है. इस तरह से हम भारत के रिटेल इकोसिस्टम के विकास के लिए अपना अभियान जारी रखेंगे.
KKR के को-फाउंडर और Co-CEO होनरी क्रैविस ने कहा कि रिलायंस रिटेल का नया कारोबारी प्लेटफार्म भारत में उपभोक्ताओं और छोटे कारोबारियों दोनों की अहम जरूरतें पूरी कर रहा है. देश में ज्यादा से ज्यादा लोग ऑनलाइन की तरफ रुख कर रहे हैं. इस स्थिति में कंपनी किराना स्टोर्स के लिए पूरे वैल्यू चेन का अहम हिस्सा बन कर उभर रही है. हम रिलायंस के इस अभियान का हिस्सा बनकर उत्साहित महसूस कर रहे हैं.किया था.

