वाहन विनिर्माताओं के संगठन सियाम के आंकड़ों के मुताबिक के मुताबिक पिछले वित्त वर्ष 2023-24 में देश से वाहनों के निर्यात में 5.5 फीसदी की गिरावट आई है। सियाम का कहना है कि कई विदेशी बाजारों में मौद्रिक संकट के कारण देश से वाहन निर्यात में गिरावट आई है। आंकड़ों के मुताबिक, पिछले वित्त वर्ष में कुल वाहन निर्यात 45,00,492 यूनिट रहा, जबकि पिछले वित्त वर्ष 2022-23 में यह 47,61,299 यूनिट था।
पिछले वित्त वर्ष में जहां वाणिज्यिक वाहनों, दोपहिया और तिपहिया वाहनों के निर्यात में उल्लेखनीय गिरावट आई, वहीं यात्री वाहनों के निर्यात में मामूली वृद्धि हुई। रिपोर्ट के मुताबिक इस साल जनवरी-मार्च तिमाही में कुछ अच्छा सुधार देखने को मिला, विशेषकर टू-व्हीलर सेगमेंट में. पिछले वित्तीय वर्ष में यात्री वाहनों का निर्यात 1.4 प्रतिशत बढ़कर 6,72,105 इकाई हो गया, जो वित्तीय वर्ष 2022-23 में 6,62,703 इकाई था।
समीक्षाधीन अवधि में मारुति सुजुकी ने 2,80,712 वाहनों का निर्यात किया। पिछले वित्त वर्ष में मारुति का निर्यात 2,55,439 यूनिट था। हुंडई मोटर इंडिया ने पिछले वित्तीय वर्ष में 1,63,155 इकाइयों का निर्यात किया। पिछले वित्त वर्ष में उसने 1,53,019 वाहनों का निर्यात किया था। किआ मोटर्स ने वर्ष के दौरान 52,105 वाहनों का निर्यात किया, जबकि फॉक्सवैगन इंडिया ने पिछले वित्त वर्ष में 44,180 इकाइयों का निर्यात किया। निसान मोटर इंडिया और होंडा कार्स ने वित्त वर्ष 2023-24 में क्रमशः 42,989 और 37,589 इकाइयों का निर्यात किया। पिछले वित्त वर्ष में दोपहिया वाहनों का निर्यात 5.3 प्रतिशत घटकर 34,58,416 इकाई रह गया। पिछले वित्त वर्ष में इस सेगमेंट में निर्यात 36,52,122 यूनिट था। इसी तरह वाणिज्यिक वाहनों का निर्यात 16 प्रतिशत घटकर 65,816 इकाई रह गया।

