नई दिल्ली: विभिन्न क्षेत्रों में कारोबार करने वाली कंपनी आईटीसी अपने पूर्ण स्वामित्व वाली अपनी तीन सहायक कंपनियों का अपने साथ विलय करने पर विचार कर रही है. ये तीन अनुषंगी कंपनियां सनराइज फूड्स, हॉबिट्स इंटरनेशनल फूड्स और सनराइज शीतग्रह हैं. आईटीसी ने बीएसई को दी गई जानकारी में कहा है कि इस सिलसिले में निदेशक मंडल की 4 सितंबर 2020 को बैठक बुलाई गई है, जिसमें फैसला लिया जाएगा.
आईटीसी ने सनराइज फूड्स का 2,150 करोड़ रुपये में अधिग्रहण करने की 27 जुलाई को घोषणा की थी. आईटीसी के इस अधिग्रहण का लक्ष्य मसाला कारोबार में अपनी पैठ को बढ़ाना है. आईटीसी आशीर्वाद ब्रैंड नाम से मसाला कारोबार में है. सनराइज फूड्स के अधिग्रहण के लिए करार के तहत सनराइज फूड्स की दो दूसरी शाखाएं हॉबिट्स इंटरनेशनल फूड्स और सनराइज शीतग्रह भी इसकी सहायक कंपनी बना गई थी.
इस विलय से आईटीसी का प्रोडक्ट्स पोर्टफोलियो बढ़ेगा और मसालों के कारेाबार में उसकी स्थिति और मजबूत होगी. सनराइज के पास 70 सालों से अधिक की विरासत है और वह मसालों की श्रेणी में तेजी से ग्रोथ करने वाला ब्रांड है. सनराइज की पूर्वी भारत में अच्छी पैठ है.
जून तिमाही में आईटीसी का रेवेन्यू सालाना आधार पर 26 फीसदी गिरकर 2343 करोड़ रुपये रहा है. आईटीसी का रेवेन्यू 17.4 फीसदी गिरकर 9,501 करोड़ रुपए रहा है. इसका सिगरेट रेवेन्यू 29 फीसदी गिरकर 3,853 करोड़ रुपए रहा. होटल सेग्मेंट से आने वाला रेवेन्यू 94.4 फीसदी गिरकर 22 करोड़ रुपये रहा, जबकि एग्री बिजनेस रेवेन्यू 3.7 फीदी बए़कर 3,746 करोड़ पहुंच गया.

