नई दिल्ली: एनफोर्समेंट डायरेक्टोरेट ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में PMLA के तहत यस बैंक के फाउंडर राणा कपूर की 2203 करोड़ रुपये की सपंत्ती अटैच की है। इसके अलावा DHFL के प्रमोटर्स कपिल और धीरज वधावन की संपत्तियां भी कुर्क की गई हैं। इसके अलावा एजेंसी ने कपूर की कुछ विदेशी संपत्तियों पर भी रोक लगाई है। ईडी का आरोप है कि कपूर और उनके परिवार के सदस्यों तथा अन्य लोगों ने बैंक के जरिये बड़े कर्ज देने के लिए ‘घूस’ ली।
इन लोगों ने करीब 4,300 करोड़ रुपये की अपराध की कमाई को इधर-उधर किया। बाद में यह कर्ज गैर निष्पादित आस्ति (एनपीए) बन गया। कपूर को केंद्रीय जांच एजेंसी ने मार्च में गिरफ्तार किया था। फिलहाल वह न्यायिक हिरासत में है।
जानकारी के मुताबिक, दिल्ली के अमृता शेरगिल मार्ग पर स्थित बंगला, लंदन की एक प्रॉपर्टी और एक न्यूयॉर्क की प्रॉपर्टी अटैच की गई है। इसकी वैल्यू 1200 करोड़ के करीब बताई जा रही है। इस मामले में यह पहला ओवरसीज अटैचमेंट है। इससे पहले एजेंसी ने 50 करोड़ की लोकल असेट अटैच की थी।
एनफोर्समेंट डायरेक्टोरेट ने वधावन ब्रदर्स की भी 1400 करोड़ की संपत्ति अटैच की है। इसमें भारत और विदेश में उनके नाम की प्रॉपर्टी शामिल है। वधावन ब्रदर्शन की पुणे, ऑस्ट्रेलिया, न्यूयॉर्क और लंदन की संपत्ति अटैच की गई है। राणा कपूर के मामले में इस मामले में कपिल और धीरज वधावन के साथ-साथ उनकी नॉन फाइनैंशल कंपनी DHFL को भी आरोपी बनाया गया है।

