Close Menu
    What's Hot

    Zahlungsmethoden fur jedes Das- weiters Auszahlungen im Feuer speiender berg Vegas Spielsalon

    June 10, 2026

    Sportwetten Award für jedes den besten Lieferant: In diesem fall stimmt welches Gesamtpaket!

    June 10, 2026

    WILLKOMMENSBONUS ?? 100% so weit wie �300 + 000 Freispiele

    June 10, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Facebook X (Twitter) Instagram
    फाइनेंस खबरफाइनेंस खबर
    • होम
    • फिक्स्ड डिपॉजिट
    • पर्सनल लोन
    • होम लोन
    • म्युचुअल फंड
    • इंश्योरेंस
    • क्रेडिट कार्ड
    • इक्विटीज
    • विलयन और अर्जन
    • स्टार्टअप
    • बैंक
    • अन्य
      • पी आर
    फाइनेंस खबरफाइनेंस खबर
    Home»अन्य»कोरोना के कारण कंपनियों के ऑर्डर बुक में भारी कमी
    अन्य

    कोरोना के कारण कंपनियों के ऑर्डर बुक में भारी कमी

    Finance KhabarBy Finance KhabarMarch 20, 2020No Comments2 Mins Read
    Facebook Twitter LinkedIn Telegram Pinterest Tumblr Reddit WhatsApp Email
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    नई दिल्ली: भारत पर अभी कोरोनावायरस के शुरुआती चरण का ही कहर बरपा है, लेकिन उद्योग जगत पर इसका गंभीर असर पड़ना शुरू हो गया है। देश के सबसे बड़े उद्योग संगठन फिक्की के एक सर्वेक्षण में यह सामने आया है कि 73 फीसदी उद्योगपतियों की ऑर्डर बुक में कमी आई है। 53 फीसदी उद्योगपतियों का तो कहना है कि उनकी ऑर्डर बुक में तो 20 फीसदी से ज्यादा की गिरावट आ गई है जबकि 8 फीसदी ने कहा है कि उनका ऑर्डर बुक बढ़ी है। फिक्की के सदस्यों और उद्योग मंडलों के बीच बीते 15 से 19 मार्च के बीच कराए गए इस सर्वे में 317 कंपनियों ने भाग लिया है।

    सर्वे में बताया गया है कि उद्योगपतियों के उत्पादन इकाइयों में इन्वेंट्री का स्तर बढ़ रहा है। इसमें शामिल 35 फीसदी उद्योगपतियों का कहना है कि जिस हिसाब से उत्पादन हो रहा है, उस हिसाब से माल बाहर नहीं जा रहा है, इसलिए इन्वेंट्री का लेवल बढ़ रहा है। इनमें से 50 फीसदी उद्योगपतियों का तो कहना है कि उनका इन्वेंट्री स्तर 15 फीसदी या इससे भी ज्यादा बढ़ा है।

    कोरोनावायरस की चपेट में अर्थव्यवस्था के फंसने से उद्योग जगत का कैश फ्लो घट गया है। इस सर्वे में शामिल 81 फीसदी उद्योगपतियों ने कहा कि अब उस हिसाब से कैश इन्फ्लो नहीं हो रहा है, जैसे पहले होता था। इनमें से 40 फीसदी उद्योगपतियों ने बताया कि उनका कैशफ्लो 20 फीसदी या उससे ज्यादा घटा है।

    इस महामारी के असर से उद्योग जगत का सप्लाई चेन बुरी तरह से प्रभावित हुई है। सर्वे में शामिल 60 फीसदी से भी ज्यादा उद्योगपतियों ने कहा कि उनके आपूर्ति तंत्र पर असर पड़ा है। इनमें से 47 फीसदी उद्योगपतियों का कहना था कि बीते चार सप्ताह से कम से समय से उनकी आपूर्ति प्रभावित हुई है जबकि 31 फीसदी का कहना था कि एक-डेढ़ महीने से उनकी आपूर्ति श्रृंखला टूटी हुई है। इनमें से 6.76 फीसदी उद्योगपतियों का कहना था कि दो महीने से ज्यादा वक्त से उनका आपूर्ति तंत्र गड़बड़ है।

    corona
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram Email
    Previous Articleआईडीएफसी फर्स्ट बैंक के एमडी और सीईओ ने बेचे 58 करोड़ रुपये के शेयर
    Next Article पाकिस्तान को विश्वबैंक, एडीबी से मिला 58.8 करोड़ डॉलर की सहायता का वादा
    Finance Khabar

    Related Posts

    ITR फाइलिंग: कम आय वालों को भी कब भरना जरूरी

    September 2, 2025

    Nothingफ़ोन (3) और Nothingहेडफ़ोन (1) की बिक्री अब भारत में

    July 16, 2025

    Bajaj Finserv लेकर आया है ब्लॉकबस्टर EMI डेज़: फाइनैंसिंग की सुविधा और बड़े डिस्काउंट के साथ अपने होम अप्लायंसेज को अपग्रेड करने का शानदार मौका

    April 18, 2025
    Add A Comment

    Comments are closed.

    Top Posts
    So sehr Findest Du Dies Interessante Eth Kasino Inside 2025!
    June 10, 2026
    Unser besten Slots inside seriosen Möglich Casinos within Teutonia
    June 10, 2026
    Diese Spielhölle ist brandneu & head wear umherwandern erst vor kurzschluss zeit in Pink coloured Kasino hinein Verde Casino umbenannt
    June 10, 2026

    Subscribe to Updates

    Stay in the know with Finance Khabar! Never miss a beat when it comes to the latest in finance, investing, and personal finance tips.

    Thank you for choosing Finance Khabar as your go-to resource for all things finance. We're here to help you achieve financial success!

    Facebook X (Twitter) Instagram
    Quick Links
    • About Us
    • Contact Us
    • Disclaimer
    • Privacy Policy
    • Term And Conditions
    Copyright © 2026 FINANCE KHABAR. All Rights Reserved

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.