- वरिष्ठ पत्रकार राहुल चौहान रहे कार्यक्रम के मुख्य अतिथि, लोगों से किया नशा मुक्ति को जनांदोलन बनाने का आव्हान
- साध्वी गीतिका और प्रवीणा बाई ने लोगों को दिया नशा मुक्ति का संदेश
नई दिल्ली: अखिल भारतीय सामाजिक एवं आध्यात्मिक संस्था मानव उत्थान सेवा समिति की ओर से आज दिल्ली एनसीआर में मानव उत्थान सेवा समिति द्वारा नशा मुक्ति अभियान चलाया गया। इस दौरान आयोजित कार्यक्रम में साध्वी गीतिका बाई जी ने कहा कि नशा आज समाज की गंभीर समस्या बन गया है। इसके दुष्परिणामों की जानकारी देने के लिए यह कार्यक्रम चलाया गया।
उन्होंने बताया कि यह कार्यक्रम जिसके प्रेरक सुप्रसिद्ध समाजसेवी एवं आध्यात्मिक गुरु पूज्य सतपाल जी महाराज है। उनकी प्रेरणा से संस्था समय समय पर आध्यात्मिक ज्ञान के प्रचार-प्रसार के साथ साथ अनेक सामाजिक कार्यों में संलग्न है जैसे रक्तदान शिविर, मिशन एजुकेशन, मिशन मेडिसन, भूकंप एवं प्राकृतिक आपदाओ मे निशुल्क राहत सामग्री वितरण, बेसहारा एवं निर्धन व्यक्तियों को राहत सामग्री एवं वस्त्र वितरण, नशा उन्मूलन पर जन जागृति अभियान चलाकर समाज मे जागरूकता फेलाना, निशुल्क सवास्थ्य शिविर, आदि कार्यों को संचालित करती है।

आज का युवा नशे की गिरफ्त में आता जा रहा है। यह एक बहुत ही महत्वपूर्ण मुद्दा है जिस पर हमें ध्यान देने की जरूरत है। इसी श्रखंला मे समिति नशा मुक्ति अभियान के तहत मानव उत्थान सेवा समिति दिल्ली के सातों जिलों में और एनसीआर में विभिन्न जगहों पर सुबह प्रभात फेरी निकालकर लोगों को नशे से मुक्ति के लिए जागृत किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि वरिष्ठ पत्रकार राहुल चौहान ने अपने संबोधन में कार्यक्रम में आए लोगों से नशा मुक्ति अभियान को एक जन आंदोलन बनाने की अपील की. उन्होंने कहा कि जब तक इस आंदोलन में जन भागीदारी नहीं बढ़ेगी तब तक यह नशा मुक्ति का कार्यक्रम अपने उद्देश्य को पूरा करने में सफल नहीं होगा.
नशा आज देश में एक बड़ी समस्या बन चुकी है और इसके लिए हमें एक साथ मिलकर काम करने की जरूरत है। प्रभात फेरी के बाद आयोजित विशाल सदभावना सत्संग समारोह का आयोजन किया गया। जिसमें विभिन्न प्रकार के नाटकों के माध्यम से नशे के दुष्परिणामों के बारे अवगत कराया गया। कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि वरिष्ठ पत्रकार एवं पंचायत संदेश पत्रिका के संपादक बद्रीनाथ सिंह ने कहा कि नशा समाज में एक बड़ी बुराई के रूप में पंक चुका है उसको खत्म करने के लिए लोगों को आगे आना चाहिए अगर अपने आने वाली पीढियां को और वर्तमान पीढ़ी के भविष्य को उज्जवल बनाना है तो उनको नशाखोरी की लत से बचाना होगा. विभिन्न तीर्थों से आए हुए संत महात्माओं ने युवाओं को नशा छोड़ने और नशे के भयंकर परिणामों के बारे में अवगत कराया।

वहीं, साध्वी प्रवीणा बाई ने कहा कि इस आजकल के तनाव पूर्ण जीवन से छुटकारा पाने के लिए व्यक्ति नशे की ओर बढ़ गया है, जबकि गुरु नानक देव जी ने कहा है, नशा भांग शराब का उतर जात प्रभात, नाम खुमारी नानका चढ़ी रहे दिन रात”, हमें प्रभु नाम का सहारा लेने की जरूरत है ताकि हम नशे की आवश्यकता से मुक्त हो सकें और हमारे जीवन का उत्थान हो सके।
ईश्वर के ध्यान से हमें भौतिक ताप नहीं सताते हैं. हम विषम परिस्थितियों में बिना विचलित हुए अपने सामाजिक र्कत्तव्य का निर्वाह करने में सक्षम हो जाते हैं। गुरु महाराज जी का संदेश है कि भारत तभी विश्व गुरु बन सकता है जब इसमें सभी प्रकार की बुराईयां खत्म होंगी, नशे से युवा मुक्त होगा। मानव उत्थान सेवा समिति द्वारा चलाए गए इस अभियान में लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और समाज के अनेक गणमान्य व्यक्तियों ने इसकी प्रशंसा की व कहा की यह बहुत ही आवश्यक अभियान है। कार्यक्रम का संचालन संस्था से जुड़े हुए एवं समाजसेवी जितेंद्र अरोड़ा ने किया.

