कोलकाता: देश के पूर्वी इलाकों में पर्यटन क्षेत्र कोरोना वायरस संकट से बुरी तरह प्रभावित हुआ है। इससे क्षेत्र में लाखों लोगों की नौकरी गयी है। ट्रैवेल एजेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (टीएएफआई) ने रविवार को यह बात कही। टीएएफआई (पूर्वी क्षेत्र) के चेयरमैन अनिल पंजाबी ने कहा कि वह सरकार के साथ लगातार बातचीत कर रहे हैं कि क्या पर्यटन क्षेत्र में काम कर रहे हजारों लोगों को कोई राहत मिल सकती है। उन्होंने कहा कि देश इस इलाके में लगभग दो लाख लोग सीधे पर्यटन क्षेत्र से जुड़े हैं। उन पर कोरोना वायरस महामारी की बड़ी मार पड़ी है।
पंजाबी ने कहा कि गर्मियों की छुट्टियों के लिए कोई बुकिंग नहीं है क्योंकि सारी बुकिंग रद्द हो चुकी हैं। उन्होंने आशंका जतायी कि दुर्गा पूजा और दिवाली के मौसम में भी यात्रा और पर्यटन कारोबार में सुधार होने के संकेत नहीं दिखते, विशेषकर के अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों की ओर से।
पंजाबी ने कहा कि अधिकतर देशों का कहना है कि लॉकडाउन (सार्वजनिक) पाबंदी की अवधि खत्म होने के बाद भी वह लोगों के घरेलू स्तर पर पर्यटन करने को अनुमति नहीं देंगी। इसलिए अंतरराष्ट्रीय पर्यटन के स्तर में साल के अंत तक मामूली सुधार होने की संभावना है।

