नई दिल्ली: देश के सबसे बड़े बैंक एसबीआई ने बचत खाते के साथ-साथ कर्ज पर ब्याज दरों में कटौती की है। बचत खाते पर ब्याज की दर 0.25 फ़ीसदी खटाई गई है। अब नई दर 2.75 सालाना फ़ीसदी होगी। ब्याज दर में यह बदलाव 15 अप्रैल से प्रभावी होगा।
एसबीआई के इस कदम से एक तरफ जहां होम लोन और ऑटो लोन जैसे कर्ज सस्ते होंगे, वहीं दूसरी तरफ बचत खाते में पैसे रखने वालों को अब बहुत कम ब्याज मिलेगा। इससे पहले केंद्र सरकार 1 अप्रैल से पीपीएफ, एनएससी और किसान विकास पत्र जैसी लघु बचत योजनाओं पर भी ब्याज दरों में भारी कटौती कर चुकी है।
एक बयान में एसबीआई ने कहा कि सिस्टम में नकदी काफी ज्यादा है, इसलिए उसने सेविंग्स बैंक डिपॉजिट पर ब्याज दरें 15 अप्रैल 2020 से घटाने का फैसला किया है। अभी सेविंग अकाउंट के लिए ब्याज की दर 3 फ़ीसदी है, जो 15 अप्रैल से 2.75 फ़ीसदी हो जाएगी।
बैंक ने कर्ज पर ब्याज दरों में भी कटौती की है। सभी अवधि के कर्ज के लिए एमसीएलआर 0.35 फ़ीसदी घटाया गया है। एक साल का एमसीएलआर 7.75 फ़ीसदी से कम होकर 7.40 फ़ीसदी रह जाएगा। ज्यादातर कंज्यूमर लोन एक साल के एमसीएलआर पर ही आधारित होते हैं। एसबीआई ने कहा है कि एमसीएलआर से जुड़ा होम लोन अगर 30 साल के लिए है तो एक लाख रुपए की ईएमआई 24 रुपए कम हो जाएगी।

