नई दिल्ली: ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक ओयो करीब 5,000 कर्मचारियों की छंटनी करने जा रही है, सबसे ज्यादा लोगों की छंटनी चीन में होगी, जहां कोरोना वायरस के प्रकोप के चलते बिजनस धराशायी हो गया है। इस छंटनी के बाद ओयो में कर्मचारियों की संख्या घटकर 25,000 पर आ जाएगी।
इस भारतीय स्टार्टअप में जापान की सॉफ्टबैंक ग्रुप का भारी निवेश है। कंपनी अपना मुनाफा बढ़ाने के लिए चीन, अमेरिका और अपने लोकल मार्केट भारत में कर्मचारियों की संख्या घटाएगी।
ओयो ने 2013 में अपनी शुरुआत के बाद तेजी से विस्तार किया है और करीब 10 अरब डॉलर के वैल्यूएशन पर पहुंच गई हैं। हालांकि वीवर्क मामले के बाद निवेशक पैसा खोने वाले बिजनस को लेकर सतर्क हो गए हैं। सॉफ्टबैंक अपने निवेश वाली सभी कंपनियों को मुनाफे पर ध्यान देने के लिए जोर दे रही है।
कंपनी के फाउंडर और चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर ऋतेश अग्रवाल ने एक इंटरव्यू में बताया, ‘पिछले चरण के दौरान हमने अपने प्लैटफॉर्म बहुत-सी प्रॉपर्टीज को जोड़ा और इस ब्रांड को लेकर लोगों के मन में जागरूकता का निर्माण किया।’

