हालांकि एग्जिट पोल में भाजपा सरकार के दोबारा आने की भविष्यवाणियों से उत्सुकता का माहौल है, लेकिन बाजार विशेषज्ञों के अनुसार शेयर बाजार की दिशा इस सप्ताह लोक चुनावों नतीजों और RBI की ब्याज दर के फैसले से तय होगी।
विशेषज्ञों के अनुसार अब सबकी निगाहें सबसे महत्वपूर्ण घटनाक्रम, मंगलवार को घोषित होने वाले लोकसभा चुनावों के नतीजों पर टिकी हैं। उससे पहले बाजार भागीदार ‘एग्जिट पोल’ पर अपनी प्रतिक्रिया देंगे। जानकारों ने कहा, “बाजार इसे सतर्कता से देख रहा है और ‘एग्जिट पोल’ के बाद बाजार में तेजी आ सकती है। हालांकि, नतीजे इसके विपरीत होने पर बाजार में कुछ ‘घबराहट’ देखने को मिल सकती है।”
चुनाव नतीजों के अलावा बाजार के लिए एक और महत्वपूर्ण घटनाक्रम भारतीय रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) की बैठक है। एमपीसी बैठक के नतीजे 7 जून को आएंगे। विशेषज्ञों ने कहा, ‘चुनाव नतीजों के बाद सबकी नजर विदेशी निवेशकों के रुख पर रहेगी। वैश्विक मोर्चे पर अमेरिका और चीन के वृहद आर्थिक आंकड़े अहम भूमिका निभाएंगे।’ मैन्युफैक्चरिंग और सर्विस पीएमआई के मई के आंकड़े भी इसी सप्ताह आने हैं।
एक प्रमुख निवेश रणनीतिकार ने कहा, ‘एग्जिट पोल के नतीजे, जो एनडीए को करीब 360 सीटों के साथ स्पष्ट बढ़त दे रहे हैं, सोमवार को बाजार में जोरदार तेजी की वजह बन सकते हैं। शुक्रवार को बाजार बंद होने के बाद वित्त वर्ष 2023-24 के लिए जीडीपी विकास दर के आंकड़े उम्मीद से बेहतर 8.2 फीसदी रहे। इससे भी बाजार को गति मिलने की उम्मीद है।’ एक अन्य विशेषज्ञ ने कहा, ‘एग्जिट पोल के साथ-साथ बाजार सोमवार को जीडीपी के आंकड़ों पर भी प्रतिक्रिया देगा। अगर अंतिम नतीजे भी एग्जिट पोल जैसे रहे तो बाजार से अनिश्चितता दूर हो जाएगी।’

